मध्य प्रदेश का खंडवा जिला अपने धार्मिक स्थलों, ऐतिहासिक धरोहरों और प्राकृतिक सुंदरता के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। यह जिला मां नर्मदा के पावन तट पर स्थित है, जहां प्रसिद्ध मंदिर, घाट, वाटरफॉल, बांध और पहाड़ियां पर्यटकों को आकर्षित करती हैं। खंडवा धार्मिक आस्था के साथ-साथ शांति और प्रकृति प्रेमियों के लिए भी एक आदर्श पर्यटन स्थल है।

1- ओंकारेश्वर महादेव मंदिर (Omkareshwar Jyotirlinga)
ओंकारेश्वर महादेव मंदिर भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है। यह मंदिर मां नर्मदा नदी के बीच मंधाता द्वीप पर स्थित है। मंदिर के ठीक सामने श्री ममलेश्वर (अमलेश्वर) महादेव मंदिर स्थित है, जिसे प्राचीन ज्योतिर्लिंग माना जाता है।
यहां प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं, जबकि सावन माह और सोमवार को लाखों की संख्या में भक्त पहुंचते हैं। मंदिर पहाड़ी पर स्थित होने के कारण यहां से मां नर्मदा का मनोरम दृश्य देखने को मिलता है।
विशेष: नर्मदा नदी में मिलने वाले प्राकृतिक छोटे शिवलिंग
दर्शन समय: सुबह 5:00 बजे से रात 10:00 बजे तक
2- मां नर्मदा घाट, ओंकारेश्वर
मां नर्मदा घाट ओंकारेश्वर मंदिर परिसर से जुड़ा हुआ है। यहां स्नान करने के बाद ओंकारेश्वर और ममलेश्वर महादेव के दर्शन का विशेष महत्व है। घाट की बनावट बहुत सुंदर है और आसपास पहाड़ों का दृश्य मन को शांति देता है।
शाम के समय मां नर्मदा की भव्य आरती होती है, जिसमें हजारों दीपक जलाए जाते हैं। यह दृश्य श्रद्धालुओं के लिए अविस्मरणीय होता है।
विशेष आकर्षण: नर्मदा आरती, हस्तशिल्प दुकानें, नक्काशीदार मंदिर
3- खंडवा किला – ऐतिहासिक धरोहर
खंडवा किला मराठा शासनकाल में निर्मित एक ऐतिहासिक स्थल है। यह किला खंडवा शहर की ऊंचाई पर स्थित है, जहां से पूरे शहर और नर्मदा नदी का सुंदर दृश्य देखा जा सकता है।
यहां प्राचीन दीवारें, मंदिर और कलाकृतियां देखने को मिलती हैं, जो खंडवा के गौरवशाली इतिहास की कहानी कहती हैं। इतिहास प्रेमियों के लिए यह स्थान बेहद खास है।
4- इंदिरा सागर बांध (Indira Sagar Dam)
इंदिरा सागर बांध भारत के सबसे बड़े जलाशयों में से एक है। यह बांध नर्मदा नदी पर बना हुआ है और इसका विशाल आकार पर्यटकों को आश्चर्यचकित कर देता है।
यह स्थान नौका विहार, जल क्रीड़ा और फोटोग्राफी के लिए प्रसिद्ध है। चारों ओर हरियाली और पहाड़ इस स्थान को और भी खूबसूरत बनाते हैं।
घूमने का समय: सुबह 6:00 बजे से रात 10:00 बजे तक
5- नागचुन बांध
नागचुन बांध खंडवा मुख्यालय से लगभग 30 किलोमीटर दूर स्थित है। यह स्थान जंगलों और हरियाली से घिरा हुआ है, जहां बहुत शांति मिलती है।
यहां लोग पिकनिक, बोटिंग और रिलैक्सेशन के लिए आते हैं। शहर की भागदौड़ से दूर यह जगह मानसिक शांति प्रदान करती है।
6- गौरीकुंज – किशोर कुमार की यादों से जुड़ा स्थल
गौरीकुंज खंडवा शहर में स्थित है और यह महान गायक किशोर कुमार से जुड़ा हुआ स्थान है। यह मां नर्मदा के तट पर स्थित एक सुंदर पार्क है, जहां रंग-बिरंगे फूल और आकर्षक मूर्तियां देखने को मिलती हैं।
सुबह-शाम यहां टहलने वालों और किशोर कुमार के प्रशंसकों की भीड़ रहती है।
7- कला चिंतन आर्ट गैलरी
कला चिंतन आर्ट गैलरी खंडवा शहर में स्थित एक प्रमुख सांस्कृतिक केंद्र है। यहां स्थानीय और राष्ट्रीय कलाकारों की पेंटिंग, मूर्तियां और हस्तशिल्प प्रदर्शित किए गए हैं।
कला प्रेमियों और छात्रों के लिए यह स्थान बेहद ज्ञानवर्धक है।
खंडवा घूमने का सही समय
- अक्टूबर से मार्च: मौसम सुहावना, घूमने के लिए सबसे अच्छा समय
- सावन माह: धार्मिक यात्रियों के लिए विशेष
खंडवा कैसे पहुंचें?
- रेल मार्ग: खंडवा जंक्शन एक प्रमुख रेलवे स्टेशन है
- सड़क मार्ग: इंदौर, भोपाल और बुरहानपुर से सीधी बसें उपलब्ध
- हवाई मार्ग: नजदीकी हवाई अड्डा – इंदौर (लगभग 100 किमी)
निष्कर्ष
मध्य प्रदेश का खंडवा जिला धार्मिक आस्था, प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक विरासत का अद्भुत संगम है। यहां ज्योतिर्लिंग, घाट, बांध, किले, आर्ट गैलरी और शांत पर्यटन स्थल पर्यटकों को बार-बार आने के लिए प्रेरित करते हैं। यदि आप मध्य प्रदेश में एक शांत, धार्मिक और सुंदर स्थान की तलाश में हैं, तो खंडवा अवश्य जाएं।